सतना में स्कूली छात्रों का ‘हाईटेक’ एक्सपोजर: DICE प्रोग्राम के तहत AKS यूनिवर्सिटी पहुंचे MLB स्कूल के बच्चे, लैब और रिसर्च देख हुए हैरान
1 min read
सतना : शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार एवं अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE), नई दिल्ली के संयुक्त तत्वावधान में संचालित डीआईसीई (DICE) कार्यक्रम के अंतर्गत सतना में एक विशेष शैक्षणिक व नवाचार भ्रमण का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के तहत पीएम श्री शासकीय एमएलबी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के विद्यार्थियों ने ए.के.एस. विश्वविद्यालय (AKS University), सतना का भ्रमण किया। इस शैक्षणिक एक्सपोजर विजिट का मुख्य उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान से आगे ले जाकर वास्तविक अनुसंधान, विज्ञान, आधुनिक तकनीक, कौशल विकास और उद्यमिता (Entrepreneurship) के माहौल से रूबरू कराना रहा।

बायोटेक, इंजीनियरिंग और फार्मेसी लैब का किया अवलोकन; विशेषज्ञों से पूछे सवाल
विश्वविद्यालय पहुंचने पर विद्यार्थियों का आत्मीय स्वागत किया गया और उन्हें कैंपस की विभिन्न शैक्षणिक व अनुसंधान गतिविधियों से अवगत कराया गया। भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने जैव प्रौद्योगिकी (Biotechnology), जीवन विज्ञान, इंजीनियरिंग और फार्मेसी विभाग की अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं (Labs) का गहन अवलोकन किया। विश्वविद्यालय के आचार्यों और विषय विशेषज्ञों ने छात्रों को उन्नत वैज्ञानिक उपकरणों की कार्यप्रणाली, प्रयोगशाला प्रक्रियाओं और प्रयोग-आधारित शिक्षण के महत्व के बारे में विस्तार से समझाया। विद्यार्थियों ने भी उत्सुकता दिखाते हुए वैज्ञानिक सिद्धांतों और शोध गतिविधियों से जुड़े अनेक व्यावहारिक प्रश्न पूछे।

‘विचार से नवाचार और नवाचार से उद्यमिता’ का दिया संदेश
कार्यक्रम के दौरान सेंटर फॉर रिसर्च, इनोवेशन, इन्क्यूबेशन एंड स्किल डेवलपमेंट (CRIISD) के निदेशक प्रो. कमलेश चौरे ने विद्यार्थियों से सीधा संवाद किया। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय केवल डिग्री हासिल करने का माध्यम नहीं, बल्कि विचारों को व्यावहारिक समाधान में बदलने का मंच है। प्रो. चौरे ने छात्रों को अपने आसपास की सामाजिक व तकनीकी समस्याओं को पहचानने और उनके वैज्ञानिक समाधान खोजने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने समझाया कि स्कूल स्तर पर उभरा एक छोटा सा विचार आगे चलकर बड़े शोध, उपयोगी तकनीक या स्टार्टअप का रूप ले सकता है।

नवाचार और प्रोजेक्ट मॉडल्स को देखकर उत्साहित हुए छात्र
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को प्रॉब्लम आइडेंटिफिकेशन, प्रोटोटाइप मेकिंग, टेस्टिंग और मॉडल सुधार की पूरी प्रक्रिया समझाई गई। छात्रों ने विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए गए विभिन्न तकनीकी मॉडल्स और नवाचार प्रोजेक्ट्स को देखा। कार्यक्रम के सफल संचालन में ए.के.एस. विश्वविद्यालय की टीम के डॉ. विवेक अग्निहोत्री, डॉ. शिल्पी सिंह, रजत सिंह, अविनाश मिश्रा, दीपक सिंह, श्रेष्ठ राज द्विवेदी और कीर्ति सिंह ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस विजिट से विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, जिज्ञासा और नवाचार के प्रति भारी उत्साह देखा गया।
Subscribe to my channel