एकेएस विश्वविद्यालय में “मॉलिक्युलर एवं क्लीनिकल डायग्नोस्टिक तकनीक” पर राष्ट्रीय कार्यशाला का आयोजन
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सतना। एकेएस विश्वविद्यालय, सतना के जैव प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा माननीय उच्च अधिकारियों के मार्गदर्शन में, एसएचआरएम बायोटेक्नोलॉजीज़ प्राइवेट लिमिटेड, कलकत्ता के सहयोग तथा पैरामेडिकल विज्ञान विभाग के संयुक्त तत्वावधान में “मॉलिक्युलर एवं क्लीनिकल डायग्नोस्टिक तकनीक” पर तीन दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला का आयोजन दिनांक 10, 11 एवं 13 अप्रैल 2026 को किया जा रहा है।

इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं प्राध्यापकों को उन्नत मॉलिक्युलर एवं क्लीनिकल डायग्नोस्टिक तकनीक का व्यावहारिक एवं प्रायोगिक प्रशिक्षण प्रदान करना है, जिससे वे आधुनिक प्रयोगशाला तकनीकों में दक्षता प्राप्त कर सकें।कार्यशाला के अंतर्गत प्रतिभागियों को रीयल-टाइम पीसीआर, आरएनए पृथक्करण, सीडीएनए संश्लेषण, जेल इलेक्ट्रोफोरेसिस, एलीसा परीक्षण, एफटीआईआर स्पेक्ट्रोस्कोपी, जैव-रसायन ऑटो एनालाइज़र, हेमोसाइटोमेट्रिक विश्लेषण तथा मॉलिक्युलर डॉकिंग जैसी अत्याधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।कार्यक्रम में विशेषज्ञों द्वारा प्रायोगिक प्रशिक्षण, डेटा विश्लेषण, उपकरणों का प्रदर्शन एवं समस्या समाधान सत्र आयोजित किए जाएंगे। कार्यशाला के सफल समापन पर प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा।कार्यशाला का उद्घाटन समारोह दिनांक 10 अप्रैल 2026 को प्रातः 10:00 बजे विवेकानंद सभागार में आयोजित होगा, जिसमें विश्वविद्यालय के माननीय उपकुलाधिपति एवं कुलपति विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।इस कार्यशाला में स्नातक एवं स्नातकोत्तर विद्यार्थी, शोधार्थी, प्राध्यापक तथा प्रयोगशाला से जुड़े पेशेवर प्रतिभाग कर सकते हैं। इच्छुक अभ्यर्थियों से शीघ्र पंजीयन करने का अनुरोध किया गया है, क्योंकि सीटें सीमित हैं।इस कार्यक्रम का संयोजन प्रोफेसर कमलेश चौरे, डॉ कीर्ति समदरिया, परमार केशरी नंदन, डॉ माही चौरे, अर्पित श्रीवास्तव, ब्रजनन्दन सिंह, एकलुकर्रहमान, अख्तर अली एवं समस्त बायोटेक विभाग की फैकल्टी और स्टाफ द्वारा किया जा रहा है।
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