धरमजयगढ़ में ए सी बी की कार्रवाई : एसडीएम कार्यालय का बाबू एक लाख की रिश्वत लेते सपड़ाया !
1 min read

रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ में नए वर्ष 2026 की शुरुआत भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई से हुई है। आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो की बिलासपुर इकाई ने रायगढ़ जिले के धर्मजयगढ़ स्थित एसडीएम कार्यालय में पदस्थ बाबू को एक ग्रामीण से एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। यह प्रदेश में वर्ष 2026 की पहली ट्रैप कार्रवाई है, जिसने प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मचा दिया है।


प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम अमलीटिकरा निवासी राजू कुमार यादव ने ब्यूरो में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसने वैधानिक रूप से जमीन क्रय की थी तथा नामांतरण भी हो चुका था, इसके बावजूद एसडीएम कार्यालय का बाबू अनिल कुमार चेलक उसे यह कहकर डराता रहा कि जमीन की रजिस्ट्री गलत तरीके से हुई है और उसके विरुद्ध शिकायत दर्ज है। इसी शिकायत को दबाने और फाइल को नस्तीबद्ध करने के नाम पर उससे दो लाख रुपये की मांग की गई।
शिकायत की पुष्टि होने पर ब्यूरो ने जाल बिछाया। आरोपी द्वारा पहली किश्त के रूप में एक लाख रुपये लेने की सहमति दी गई। तय योजना के अनुसार 02 जनवरी 2026 को शिकायतकर्ता को आरोपी के शासकीय आवास भेजा गया। जैसे ही बाबू ने रिश्वत की रकम हाथ में ली, उसे भनक लग गई और वह तुरंत दरवाजा बंद कर भीतर छिप गया।
काफी देर बाद दरवाजा खुलवाया गया तो आरोपी रकम को लेकर अनजान बनने लगा, लेकिन सख्ती से पूछताछ करने पर उसने स्वीकार किया कि डर के कारण उसने रिश्वत की रकम अपने आवास के पीछे दीवार के पास बैग में डालकर फेंक दी थी। ब्यूरो की टीम ने मौके से एक लाख रुपये की रिश्वत राशि बरामद कर ली।
आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो ने आरोपी बाबू के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 के तहत अपराध दर्ज कर लिया है। ब्यूरो अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार के विरुद्ध यह अभियान निरंतर जारी रहेगा ।
उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष भी इसी तारीख को ब्यूरो की बिलासपुर इकाई ने जांजगीर जिले में एक विभागीय निरीक्षक को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर वर्ष की पहली ट्रैप कार्रवाई की थी। नए वर्ष की पहली ही कार्रवाई ने संकेत दे दिया है कि रिश्वतखोरी पर शिकंजा और कसने वाला है।
Subscribe to my channel